गीतोपनिषद : श्रीमद्भगवद्गीता गीता यथारूप : कृष्णकृपामूर्ति हिंदी श्री श्रीमद् ए.सी.भक्तिवेदांत स्वामी प्रभुपाद संस्थापकचार्य : अंतर्राष्ट्रीय कृष्णभावनामृत संघ - भगवान श्री कृष्ण परमेश्वर है और पूज्य हैं। भक्ति के माध्यम से जीव उनसे सास्वत संबंध है। शुद्ध भक्ति को जागृत करके मनुष्य कृष्ण के धाम को वापस जाता है।