सीमाएं टूट रही हैं, देश खुल रहे हैं, दुनिया करीब आ रही है लेकिन साथ ही और जटिल भी होती जा रही है. ज्ञान इस सदी का सबसे महत्वपूर्ण संसाधन बन कर उभरा है और शिक्षा सबसे जरूरी चुनौती. खुशहाली और समृद्धि में हिस्सा पाने के लिए शिक्षा जरूरी है. यह बात सिर्फ पिछड़े देशों में ही नहीं, धनी देशों में भी सामने आ रही है.