
Sign up to save your podcasts
Or


ॐ नमः शिवाय...
ॐ नमः शिवाय...
सह्याद्रि की चोटी से,
गूँजी एक पुकार—
“धर्म रहे, जन सुरक्षित हों,
माटी रहे सदा साकार।”
भोर हुई शिवनेरी पर,
एक नया सूरज आया,
माँ जीजाबाई की गोद में,
वीर शिवा ने जन्म पाया।
उन्नीस फरवरी सोलह सौ तीस,
शिवनेरी ने इतिहास लिखा,
एक बालक की आँखों में
स्वराज्य का दीपक दिखा।
---
माँ ने रामायण सुनाई,
माँ ने कृष्ण की गाथा गाई,
वीरों की धरती का मान सिखाया,
अन्याय के आगे शीश न झुकाया।
“शिवा, प्रजा ही अपना परिवार,
जन-जन में देखो ईश्वर का प्यार,
तलवार उठे तो रक्षा के लिए,
जीवन जिएँ तो सत्य के लिए।”
माँ की वाणी हृदय में उतरी,
स्वराज्य की लौ भीतर निखरी।
---
जय भवानी! जय शिवाजी!
गूँजे सह्याद्रि की आवाज़!
हर कण बोले स्वराज्य हमारा,
माटी का ऊँचा रहे ताज!
न्याय की तलवार, धर्म का आधार,
जनता का सम्मान रहे,
शिवबा के सपनों का सूरज
सदियों तक महान रहे!
---
छोटी उम्र, मगर ऊँचे सपने,
सह्याद्रि के साथी अपने,
घाट-घाट की राह पहचानी,
माटी की हर धड़कन जानी।
किलों की चट्टानों पर
स्वराज्य का संदेश लिखा,
कम साधन थे, साहस अपार,
दिल ने अपना लक्ष्य रखा।
तोरणा से पहली विजय की गूँज,
किलों पर लहराया स्वराज्य का सूरज,
एक-एक दुर्ग बना विश्वास,
बढ़ता गया स्वराज्य का प्रकाश।
---
जब अफ़ज़ल ख़ान की सेना आई,
सह्याद्रि ने हुंकार लगाई,
प्रतापगढ़ की धरती पर
वीरता ने राह बनाई।
रणनीति, साहस और सावधानी,
शिवाजी की अद्भुत कहानी,
संकट चाहे कितना भारी,
स्वराज्य की लौ रही उजियारी।
---
मावलों ने साथ निभाया,
हर संकट में कदम बढ़ाया,
तानाजी मालुसरे वीर पुकारे,
सिंहगढ़ के बन गए सितारे।
“गड आला, पण सिंह गेला”—
इतिहास ने आँसू से बोला,
वीर तानाजी की अमर कहानी,
स्वराज्य की बनी निशानी।
बाजी प्रभु देशपांडे आगे आए,
पावनखिंड में प्राण लुटाए,
पीछे सुरक्षित बढ़ता स्वराज्य,
आगे वीरता का दीप जलाए।
---
शिव नाम हृदय में बसता था,
हर श्वास में विश्वास रहता था,
“ॐ नमः शिवाय” की धुन में
वीर हृदय निर्भय रहता था।
भवानी माँ के चरणों में,
श्रद्धा का दीप जलाया,
धर्म और प्रजा की रक्षा को
जीवन अपना समर्पित पाया।
तलवार थी हाथ में लेकिन
हृदय में करुणा का सागर था,
शिवभक्ति और स्वराज्य का
अद्भुत उनका चरित्र था।
---
आगरा पहुँचे जब संकट में,
पर मन कहाँ था बंधन में?
बुद्धि, धैर्य और साहस लेकर
निकले कठिन परिस्थिति से लड़कर।
कैद की दीवारें छोटी पड़ गईं,
स्वराज्य की राहें बड़ी हो गईं,
जिस मन में स्वतंत्रता बसती हो,
उसे कौन जंजीरें रोक सकीं?
---
सह्याद्रि ने उत्सव मनाया,
रायगढ़ ने दीप जलाया,
छह जून सोलह सौ चौहत्तर,
राज्याभिषेक का शुभ दिन आया।
छत्र उठा, सिंहासन सजा,
स्वराज्य का सपना साकार हुआ,
छत्रपति शिवाजी महाराज के नाम से
भारत का इतिहास पुकार उठा।
---
अरावली की गोद में
एक और सिंह गरजा था,
मेवाड़ की मिट्टी के लिए
जिसका हृदय धड़कता था।
महाराणा प्रताप नाम था,
स्वाभिमान जिनकी शान था,
हल्दीघाटी की रणभूमि में
अडिग उनका सम्मान था।
चेतक संग दौड़े प्रताप,
माटी से था उनका प्रताप,
राजमहल से बढ़कर उनको
अपनी धरती प्यारी थी।
शिवाजी और प्रताप की
दो ज्वालाएँ, दो पहचान,
एक में स्वराज्य की ज्योति,
एक में मेवाड़ का अभिमान।
दोनों कहते एक कहानी—
माटी से बढ़कर कुछ नहीं,
अन्याय के आगे झुकना नहीं,
स्वाभिमान से बड़ा कुछ नहीं।
---
तानाजी की सिंह-सी गर्जना,
बाजी प्रभु की बलिदानी वंदना,
नेताजी पालकर की रणधारा,
मावलों का साहस सबसे न्यारा।
दूर अरावली में प्रताप खड़े,
चेतक के संग रण में अड़े,
भारत की वीर परंपरा में
कितने सूरज साथ जले।
नाम अलग थे, लक्ष्य महान—
धरती, धर्म और स्वाभिमान।
जय भवानी! जय शिवाजी!
हर दिल में स्वराज्य जगे!
हर माटी में वीरों की
अमर कहानी आज जगे!
ॐ नमः शिवाय की धुन बजे,
सह्याद्रि फिर से गान करे,
शिवबा के साहस की गाथा
भारत का सम्मान करे!
---
किले रहे, पर सपना बढ़ता रहा,
स्वराज्य का दीप जलता रहा,
जनता के मन में विश्वास रहा,
शिवाजी का नाम प्रकाश रहा।
तीन अप्रैल सोलह सौ अस्सी,
एक महान अध्याय थमा,
पर विचारों का सूरज ऐसा
जो कभी न अस्त हुआ।
देह गई, पर स्वप्न रहे,
शौर्य रहे, आदर्श रहे,
शिवाजी महाराज की गाथा में
अनगिनत उजले वर्ष रहे।
---
सह्याद्रि से अरावली तक,
गूँजे वीरों का जयगान,
शिवाजी का स्वराज्य-संकल्प,
प्रताप का अमर सम्मान।
जय भवानी! जय शिवाजी!
हर दिल में साहस हो!
महाराणा प्रताप सा
अडिग हमारा विश्वास हो!
तलवार नहीं, विचार जगे,
अन्याय के विरुद्ध स्वर जगे,
माँ भारती की पावन माटी में
वीरों का संस्कार जगे।
शिव नाम हृदय में दीप बने,
स्वराज्य हमारा गीत बने,
वीर शिवाजी की गाथा से
हर पीढ़ी प्रेरित, प्रवीण बने।
ॐ नमः शिवाय...
ॐ नमः शिवाय...
जय भवानी...
जय शिवाजी...
स्वराज्य अमर रहे!
(इंट्रो – सिनेमैटिक)
ढोल की थाप, शंख की पुकार,
गूँजे दुनिया, गूँजे हर द्वार।
बैट उठे तो किस्मत जागे,
क्रिकेट लिखे नया संसार।
(अंतरा 1)
वो पिचें ऊँची, वो भीड़ जो चहकती,
हर सुबह उम्मीदों की किरणें महकती।
सचिन का बल्ला, सपनों की पहचान,
ब्रैडमैन की गाथा, अमर महान।
गांगुली की दहाड़, कोलकाता की शान,
ईडन गार्डन्स गाए भारत की पहचान।
लॉर्ड्स से लेकर मेलबर्न का आसमान,
हर मैदान बोले – क्रिकेट है सम्मान।
(प्री-कोरस)
वानखेड़े की लहरें, नरेंद्र मोदी का मान,
द ओवल, न्यूलैंड्स, सिडनी की उड़ान।
हर पिच कहे – खेलो दिल से यार,
यही है क्रिकेट का सच्चा संसार।
(कोरस)
गूँजे... गूँजे... क्रिकेट का कारवाँ,
हर दिल बोले – भारत की शान।
चौका बजे जैसे ढोल-नगाड़ा,
छक्का उड़े जैसे सपनों का सितारा।
ओ... ओ... जीत का ये अरमान,
मैदान बने दुनिया की पहचान।
हर रन में उम्मीदों का रंग,
क्रिकेट गाए जीवन का संग।
(अंतरा 2)
धोनी की मुस्कान, आख़िरी ओवर की बात,
छक्का लगा तो जगमग हुई रात।
विश्व कप उठे तो झूमे जहान,
हर बच्चे की आँखों में नया अरमान।
गद्दाफी, प्रेमदासा, वांडरर्स पुकारें,
ग्रैंड प्रेयरी से नई उम्मीदें सँवारें।
मेलबर्न, लॉर्ड्स, ईडन का नाम,
हर सीमा के पार क्रिकेट का धाम।
(ब्रिज)
गेंद जब बोले, बल्ला मुस्काए,
हर रिकॉर्ड नई कहानी सुनाए।
भीड़ की तालियाँ, दिलों की धड़कन,
यही तो है खेल की असली धुन।
(फाइनल क्लाइमेक्स)
हर चौका बन जाए त्योहार,
हर छक्का चमके बनकर सितार।
धरती से अम्बर तक गूँजे ये गान,
क्रिकेट जोड़े सारा जहान।
ईडन, लॉर्ड्स, मेलबर्न पुकारें,
वानखेड़े सपनों के दीप सँवारे।
विश्व के मैदान, एक ही पहचान—
क्रिकेट... क्रिकेट... क्रिकेट महान!
(आउट्रो)
जब तक सूरज, जब तक आसमान,
गूँजेगा क्रिकेट का ये गान।
दिल से खेलो, दिल से जीतो,
यही है दुनिया की सच्ची पहचान।
RAM MANDIR DHAWAJAROHAN AYODHYA MAHAUTSAV 2025
I have made this bhajan for final studio recording but due to this big event in my great country India. I just want to share in only normal voice recording. I hope you all appreciate this podcast in this divine day. jai shri ram all of you
RAM MANDIR DHAWAJAROHAN AYODHYA MAHAUTSAV 2025
I have made this bhajan for final studio recording but due to this big event in my great country India. I just want to share in only normal voice recording. I hope you all appreciate this podcast in this divine day. jai shri ram all of you
A true love story .. love at first site .. you can support us if you also love someone's truely be a part of my project. contact 9031291322 for love remedies
A true love story .. love at first site .. you can support us if you also love someone's truely be a part of my project .
Devotional meditation podcast about SHRI KHATUSHYAM BABA. You can also support us while helping our team for contribution through 9031291322@pz. I am only requesting if you want to dance live with our talented international team artist with magical instruments then you book Jagran's show, Khatu Shyam baba bhajan Mahotsav in your home or inside in temples. We are " VIKKINDIAEVENTS " ~ Media,Music,Meditation,Motivation & Mobilization.
devotional meditation podcast about 12 jyotirlinga of MAHADEVA you can also support us while helping our team for contribution. I am only checking your advice for create lord Shivajee mantras.
करुणा के सागर महावीर स्वामी,
अहिंसा का दीप जलाने वाले।
सत्य, संयम, त्याग के पथ पर,
जग को मुक्ति राह दिखाने वाले॥
कुंडलपुर की पावन धरा पर,
चैत्र त्रयोदशी शुभ आई।
त्रिशला माता के नयनों से,
करुणा बनकर ज्योति समाई॥
सिद्धार्थ नंदन, वीर वर्धमान,
जिनवर बनकर जग में आए।
देव-दानव, मानव सबने,
जिनके दर्शन पुण्य कमाए॥
तीस बरस में राज छोड़ा,
वैभव सबका त्याग किया।
नग्न दीक्षा, मौन व्रत धारा,
आत्म पथ का राग लिया॥
वन-उपवन, ग्राम-नगर में,
सहन किए कष्ट अपार।
कील चुभे, पत्थर बरसे,
फिर भी छलका न क्रोध भार॥
ऋजुबालुका तट सल वृक्ष तले,
तप का आया चरम महान।
नष्ट हुए कर्मों के बंधन,
प्रकट हुआ केवल ज्ञान॥
अनंत ज्ञान, दर्शन, सुख-वीर्य,
चहुँदिश गूँजा जिन जयकार।
इंद्र रचाए समवशरण,
देव सुनें जिन का उपकार॥
अहिंसा परमॊ धर्म बताया,
सत्य बना जीवन का सार।
अपरिग्रह, अस्तेय, ब्रह्म,
संयम से हो भव पार॥
गौतम स्वामी, गणधर ग्यारह,
जिनवाणी का बीज पनपा।
तीस बरस तक देश-देश में,
धर्म ध्वजा बनकर लहराया॥
पावापुरी की अमावस निशा,
मोक्ष ज्योति जब छाई।
कर्म-बंधन से मुक्त हुए प्रभु,
आत्मा सिद्ध शिला पाई॥
आज भी जिनका नाम सुमिरन,
हर लेता भव ताप।
जो नित ध्यावे महावीर को,
कटें कर्म, मिटें संताप॥
जय महावीर, जय जिनराजा,
जय करुणा के अवतार।
जैन धर्म की शान तुम्हीं हो,
तुमसे उज्ज्वल संसार॥
From the publisher's feed
Welcome to my first podcast , I hope you enjoy listening to it! you can listen many language song of this song .we are trying to release in all language of this same song in different international…