Teen Taal

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By Aaj Tak RadioComedy
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Teen Taal episodes

  • ज़बरदस्ती का जस्टिस, मधुर हॉर्न की समस्याएँ और आलू कचालू का घमासान : तीन ताल, Ep 52
    तीन ताल के 52वें एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए:
    -निक़ाह और विवाह में छिपी आह और मैरेज के रेज पर ताऊ की राय. बाबा ने क्यों कहा कि अब नवरात्र में वो उत्साह कहाँ.
    -कोई त्योहार हर साल कुछ दिन आगे-पीछे क्यों हो जाता है? और क्या हो अगर होली नवम्बर में पड़े.
    -बाबा को लखीमपुर खीरी की कौन सी दो मिठाईयाँ याद आयीं? दो ध्रुवों में बंट चुके समाज के बीच में ताऊ को वहाँ क्या नज़र आता है और और सरदार ने किस बात पर कहा कि 'हमारा लड़का है ये इम्पोर्टेन्ट है'.
    -इस्तीफा देने की नैतिकता को किसकी नज़र लग गयी? लोग बदला न लें तो क्या करें?
    -हॉर्न अगर मधुर हो जाए तो क्या सबकुछ गड्डमड्ड हो जाएगा? ताऊ और बाबा के हॉर्न के साथ अनुभव और ताऊ क्यों कई बार बिना हॉर्न बजाए भी लम्बी यात्रा कर लेते हैं? भारत के लोगों को हॉर्न बजाने की आदत किस गाड़ी की वजह से पड़ी.
    -अलार्म जिसे लगाता है एक आदमी और जिसे सुन के दौड़ता है दूसरा आदमी. ताऊ का स्नूज़ अलार्म और बाबा का बॉडी क्लॉक. किस तरह अलार्म ने सरदार के कुछ पसन्दीदा गाने उनसे छीन लिए.
    -न्योता वाले श्रोता में एक चिट्ठी जिसे तीन लोगों ने मिलकर लिखा है और उनके ताऊ, बाबा और सरदार से सवाल-जवाब. मसलन, आसमान में क्या निहारते थे बचपन में. बाबा फ़ैज़ की किस पंक्ति पर घण्टो व्यख्यान दे सकते हैं और आलू-कचालू पर घमासान.
    -देहाती खेलों के किस्से -
    https://podcasts.aajtak.in/comedy/teen-taal/politics-over-bengal-election-and-zomato-delivery-boy-case-1222847-2021-03-15
    प्रड्यूसर ~ शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग ~ सचिन द्विवेदी
    1 hr 49 min
  • कन्हैया बनने के टिप्स, सिक्कों के क़िस्से और अक्टूबर का कनफ़्यूजन : तीन ताल, Ep 51
    तीन ताल के 51वें एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए:
    - तीन ताल के श्रवण जयंती एपिसोड के बाद सरदार हुए भावुक. बिटिया के ब्याह के बाद की उदासी.
    - ठोको ताली वाले सरदार और तीन ताल के सरदार के बीच का फ़र्क़. क्यों अक्टूबर को कमबख्त कहने का मन नहीं करता और अक्टूबर आठवां महीना है या दसवाँ.
    - गाँधी के आदर्शवाद की समस्याएँ. ताऊ ने गाँधी को क्यों 'देवता' कहा और सरदार ने क्यों 'जंक्शन' कहा?
    - इंटरनेशनल पॉडकास्ट डे के बहाने ताऊ, बाबा और सरदार की पॉडकास्ट यात्रा और कुछ पॉडकास्ट के सुझाव. साथ ही नेताओं को डांस करना चाहिए या नहीं, इस पर ताऊ और बाबा में गहरी असहमति.
    - सुबह जेएनयू, शाम को कांग्रेस. वामपंथियों की आख़िरी शरणस्थली कांग्रेस क्यों है?
    - ताऊ ने क्यों कहा कि राहुल गांधी वामपंथी विचारक जैसे नज़र आते हैं?
    -प्रेम विवाह का निपटारा सिक्का उछालकर करने वाली पंचायत से ताऊ की सहमति. सिक्कों की यादें,आकर्षण और खनखनाहट.
    -ताऊ का फ़लसफ़ा, क्यों सिक्का उछालकर जीवन के फ़ैसले लेना सबसे बेहतर. गुल्लक से सिक्का निकालने का सही तरीका क्या? सबसे खूबसूरत सिक्के कहाँ के.
    -बिज़ार ख़बर में सेब सा दिखने और केलों सा ज़ायक़ा देने वाले आमों पर बात. राजनीति के पके और अनपके आम. सरदार को आई देरिदा की याद और ताऊ की कविता - आम आदमी है या आदमी ही आम है.
    -न्योता वाले श्रोता में गुमला से लेकर अमरीका तक की चिट्ठी. उस श्रोता को प्यार जिन्होंने दिया तीन ताल को 'हेराफेरी' का नाम. भय का निदान और बिड़ला होस्टल की याद.
    प्रड्यूसर: शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग: सचिन द्विवेदी
    2 hr 1 min
  • श्रवण जयंती पर तीन तालियों के मज़ेदार सवाल, मीडिया के सूत्र और सोमवार की मनहूसियत: तीन ताल, Ep 50
    तीन ताल के 50वें (श्रवण जयंती) एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए:
    -पिछले एपिसोड में इंजीनियरों को हौंकने पर बाबा पर चलें प्रतिक्रियाओं के बाण. बाबा ने किसे किया तीन ताल का जामवन्त मनोनीत और ताऊ ने किस प्रख्यात समाजसेवी और विचारक की बात कहकर तीन ताल के तकरीबन साल भर के सफ़र को किया याद?
    -तीन लोगों की ताल कैसे बन गयी तीन ताल? ताऊ और बाबा एक दूसरे को क्यों छेड़ते हैं?
    -श्रवण जयंती पर आई चिट्ठियों के बहाने शहरों के नाम, संयुक्त और एकल परिवारों की करुण कथा का ज़िक्र.
    मीडिया के सूत्र क्यों कमज़ोर हुए और सूत्रों के मर जाने से देश का कितना बुरा हुआ?
    -ठोकर नहीं खाया तो क्या खाया और क्या सच में समय का अभाव हो गया है? नई पीढ़ी पर संदेह करें या उनसे सीखें और मोबाइल नम्बरों से लोगों की पहचान करते ताऊ, बाबा और सरदार.
    -और, तीन ताल में पहली बार न्योता वाले श्रोताओं से ताऊ, बाबा और सरदार की लाइव गपशप. बतरस में शामिल हुए भदोही, लन्दन, अहमदाबाद, बनारस और जम्मू के श्रोता. उनके अनुभव और सुझावों पर बाबा और ताऊ का टेक.
    प्रड्यूसर: शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग: अमृत रेगी
    2 hr 20 min
  • iPhone की तेरहवीं, इंजीनियर दिखते क्यों नहीं और उपमुख्यमंत्रियों की दिक़्क़तें : तीन ताल, Ep 49
    तीन ताल के 49वें एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए:
    -रेडियो के सामने खड़े होकर जॉर्ज पंचम को सुनने का दर्द और दुविधा. 2021 में कैसे छा गए हैं पंचम दा?
    -ताऊ ने क्यों कहा आईफोन का 'तेरहवाँ' संस्करण एकदम ख़तम रहा? ताऊ कैसे आईफोन से 'अनहैपिली मैरिड' हैं?
    -विश्वकर्मा पूजा और उसकी विशुद्ध भारतीयता पर बात. इंजीनियर को क्यों कोई क्रेडिट नहीं देता? क्यों इंजीनियर स्टैंड अप कमेडियन हो जाते हैं?
    -उप, वाइस और डेप्युटी लोगों की समस्याओं पर बात. 'उप' वाले पदों का सांत्वना पुरस्कार. उपमुख्यमंत्री, उपाध्यक्ष और उपप्रधानमंत्री होने की समस्याएँ. उपराष्ट्रपति क्यों इन तमाम 'उपों' से अलग हैं?
    -गुलाब जामुन में रम इंजेक्ट कर खाने वालों को बाबा की सलाह. ताऊ ने क्यों इसे वैक्सीन कहा? कैसे गुलाब जामुन सुविधा की और तीन महीने की मिठाई है.
    -हेमन्त सोरेन के एक बयान के बहाने इस पर चर्चा कि कितना अंतर और समानता है बिहार और झारखण्ड में? भोजपुरी और मगही भाषी लोगों पर 'हेमन्त भाई' का उद्वेलित होना कितना सही और ज़ायज़?
    -बिज़ार ख़बर में ग़लत पते पर पहुँचे पैसे को चंपत कर जाने वाले भाई साहब. क्यों ताऊ और बाबा लॉटरी न लगने से ख़ुश हैं?
    -पेड़े कहाँ के बेहतर? देवघर, मलवा, बनारस, रायबरेली या मथुरा के?
    -न्योता वाले श्रोता को ताऊ ने क्यों कहा कि 'मैं छुपाता नहीं हूँ, बताता हूँ पर बताता हूँ ये नहीं बताता हूँ' . बाबा ने क्यों ताऊ को धोनी, सरदार को रोहित शर्मा और खुद को विराट कोहली बताया?
    प्रड्यूसर ~ शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग ~ अमृत रेगी
    1 hr 48 min
  • ख़ाक-ए-नशेमन को बोसे क्यों, तालिबानियों का खोया बचपन और हिंदी का हास्य: तीन ताल, Ep 48
    तीन ताल के 48वें एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए:
    - ताऊ और सरदार के 'महँगे' माइक पर बाबा का जनेऊनुमा इयरफोन कैसे हावी?
    - बाबा, ताऊ और सरदार के फेसबुक, ट्विटर और व्हॉट्सऐप बायो की बातें. क्या हर कव्वाली ग़ज़ल है? ताऊ ने क्यों कहा कि अज़ीज़ मियाँ क़व्वाली में धमकी देते है?
    -ताऊ का लोहगढ़ और चम्बल के पानी से कनेक्शन. 'मैंने खाक ए नशेमन को बोसे दिए' के मोह में 'सरदार' की खुद को खोने की ख्वाहिश. ताऊ ने किस तरह 'रिवेंज' की प्रवृत्ति को काबू किया?
    -पत्रकारिता मुश्किल पेशा क्यों और बाबा की रिपोर्टिंग के उद्वेलित करने वाले किस्से.
    - धर्म को ध्यान से पढ़ने वाले लोग नास्तिक क्यों हो जाते हैं?
    -तालिबान से आ रही कौन सी तस्वीरों को ताऊ ने उम्मीदों भरा बताया. झूला झूलते तालिबानियों में बच्चा खोजते ताऊ.
    -अफ़ीम का धंधा और धर्म की सत्ता के बीच का साम्य. इस्लाम में शराबबंदी कैसे आई? इस्लाम की सबसे पुरानी जंग 'बैटल ऑफ बदर' की कहानी.
    -ताऊ ने क्यों कहा कि तालिबान के लिए बहुत मुश्किल होगा देश चलाना?
    -पितृपक्ष से पहले हिन्दी पर बात. खड़ी हिन्दी क्यों हिन्दी नहीं? और भारत की हिन्दी का क्यों एक दिवस नहीं हो सकता. बॉलीवुड की भाषा क्या है?
    - क्या 'खड़ी' हिन्दी ने आँचलिक भाषाओं को दबा दिया? इसके पीछे किसकी चाल? लखनऊ को क्यों हिन्दी पसन्द. अनुवाद की अड़चन.
    - 'अ बिगनिर्स गाइड टू हिन्दी' में ताऊ और बाबा की पसंद की कुछ हिंदी किताबें जो दसों दिशाओं से आपकी मुलाकात करायेंगी.
    -बिज़ार ख़बर में ख़ुद को मुकेश अम्बानी का दामाद बताने वाले दुबे जी को क्यों ताऊ ने कमाल कहा? दुबे जी का उपहास क्यों जायज़ नहीं. अभिनेताओं और नेताओं से 'शाद्यातुर' लोग.
    -अच्छी बातें ईश्वर से और गन्दी बातें पादरी से करने वाला समाज और ताऊ ने किस बात पर लिया 'साईं ऑफ रिलीफ'.
    - तीन ताल के ढेर सारे श्रोताओं की चिट्ठियां. कहीं सहमति तो कहीं असहमति. और तीन ताल के स्वर्ण जयंती एपिसोड को क्यों ताऊ और बाबा ने 'श्रवण जयंती एपिसोड' का नाम दिया? और उसके लिए 'तीन तालियों' को निमंत्रण,
    -तीन ताल के पक्के वाले पंखे, 'तीन तालिये' नाम के whatsapp ग्रुप में शामिल होने के लिए नीचे दिया गया लिंक चटकाएं
    https://chat.whatsapp.com/H1IH48xr8lg05OZTckVDv7
    प्रड्यूसर ~ शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग ~ कपिल देव सिंह
    2 hr 2 min
  • ठोकने वाले टीचर, अर्धनग्न विधायक का दस्त-ए-तनहाई और पनीर के पीछे की हिंसा : तीन ताल, Ep 47
    तीन ताल के 47वें एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए:
    -'तीन तालिये' व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने का न्योता और वहाँ के आचार-विचार. तीन ताल के पक्के वाले पंखे इस ग्रुप में शामिल होने के लिए नीचे दिया गया लिंक चटकाएं -
    https://chat.whatsapp.com/H1IH48xr8lg05OZTckVDv7
    -शिक्षक दिवस के बहाने मरकहे और अनकहे मास्टरों के क़िस्से. ताऊ ने क्यों कहा कि उन्हें अच्छा गुरु नहीं मिला और बाबा क्यों ताऊ से इस पर असहमत?
    -प्राइवेट स्कूल को पब्लिक स्कूल कह देने का अर्थ संकोच. समाज के हिसाब से शिक्षक होते हैं या शिक्षक समाज गढ़ते हैं?
    -ठुकाई ज्यादा पढ़ाई कम कराने वाले 'सर जी'. एक्स्ट्रा करिकुलर एक्टिविटीज के नाम पर भौंहें सिकोड़ने वाला समाज और शिक्षक. अनुशासन के डंडे ने किसे क्या बनाया?
    -मास्टरों की पिटाई की तकनीकें और उनसे बचने की प्रति-तकनीकें. पाथेर पांचाली का मास्टर जो बाबा को भुलाये नहीं भूलता.
    -बिज़ार ख़बर में ट्रेन में अंडरवियर और गंजी पहन टहलते विधायक जी की बात. क्यों बाबा का उनको समर्थन. ताऊ को किस चीज़ पर विधायक से सहानुभूति और कहाँ नहीं.
    -लटियन्स में पानी और पेशाब केंद्रों की तलाश और बाबा की निराशा. भारत में सार्वजनिक शौचालय की समस्या.
    -अल्मोड़ा से आई अखबार की अजीबोगरीब कतरनें और इस बहाने हिलेरियस हेडलाइंस पर बात.
    -मथुरा में शराब-ओ-मांस की बिक्री पर बैन के बहाने 'तामसिक' भोजन के सुख पर बात.
    - 'जैसा खाओ अन्न, वैसा होगा मन' ये कहावत कितनी सही? ताऊ ने क्यों कहा कि सबसे अश्लील राज्य आंध्र प्रदेश दिखता है?
    -भोजन को पहली बार 'तामसिक' कहने वाले शातिर सात्विकों की बात. सिक और विक का फ़र्क.
    -कुपोषण से ग्रस्त समाज में प्रोटीन को कंट्रोल करना कितना ग़लत? शुद्धतावाद की समस्या और टैगोर परिवार की उलझन. नेशन बिल्डिंग में फ़ूड की भूमिका.
    -'वर्ड ऑफ द वीक' में समग्रता समेटे 'आद्योपांतीकरण' की बात. इसका मतलब 'ए टू जेड' होता है या 'ए टू वाई'?
    -राजस्थान के हनुमानगढ़, लन्दन और अहमदाबाद से आई 'तीन तालियों' की चिट्ठियाँ. बाबा ने क्यों अटल बिहारी वाजपेयी की वह पँक्ति दोहराई, "मैं चाहता हूँ कि राजनीति छोड़ दूँ, राजनीति मुझे नहीं छोड़ती."
    प्रोड्यूसर: शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग: अमृत रेगी
    2 hr 6 min
  • गाढ़ी दाढ़ी के क़िस्से, ख़राब सड़कों का उपयोग और मंगलसूत्र खाने वाली गाय : तीन ताल, Ep 46
    तीन ताल के 46वें एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए :
    - ताऊ क्यों इन दिनों पुराने गाने सुन रहे हैं और सरदार कौन से मीम के टुकड़े को पहाड़ों में गुनगुना रहे हैं जबकि बाबा इन शास्त्रीय गायकों के साथ रील्स के एक गाने में अटक गए हैं.
    - बनारस पर आई एक नई फिल्म जो बाबा ने देखी और उस अंधेरे की बात जो बनारस में व्याप्त हो गया है.
    - एक्टरविस्ट स्वरा भास्कर की आस्था पर सवाल कितना ज़ायज़. वामपंथ का कोई भारतीय संस्करण हो सकता है क्या?
    - ताऊ ने क्यों कहा कि लुक्खे हमारी संस्कृति का अभिन्न हिस्सा हैं और हम इनको आत्मसात करने में कितना समावेशी हैं? गृह प्रवेश और पार्टी जैसे कर्मकांड से क्यों परेशान नहीं होना चाहिए और ताऊ क्यों अपने बात बदलते रहते हैं.
    - एक पुलिस कॉन्स्टेबल के दाढ़ी रखने की याचिका खारिज़ होने के बहाने दाढ़ियों पर बात. बाबा ने क्यों कहा कि धरती पर दाढ़ी पहले आया और धर्म बाद में?
    - ताऊ ने दाढ़ी और धर्म के संबंध को क्यों कॉम्प्लिकेटेड कहा. बाबा ने क्यों कहा दाढ़ी बनाना फ़िज़ूल का काम है और ये एक किस्म की हिंसा है?
    - ताऊ को क्यों कभी दाढ़ी बनाने की सलाहियत नहीं हासिल हुई. दाढ़ी के बाल सिर के बाल से कितने अलग और दाढ़ी कटाने को दाढ़ी बढ़ाना क्यों कहा जाता है?
    - तालिबान को क्लीन शेव की इज़ाज़त क्यों नहीं? दाढ़ी रखने वालों की सौम्यता और मूँछ रखने वाले सख़्त अनुशासन के पैरोकार क्यों?
    - ताऊ ने क्यों कहा कि सिर के बाल बेवफ़ा हैं और दाढ़ी कम बेवफ़ाई करती है. देवताओं को बिना दाढ़ी क्यों दिखाया जाता है? दाढ़ी पर कविता, चुटकुले और व्यंग्य.
    - आदिमकाल से अब तक की सड़कों में आए बदलाव, सड़क हेमा मालिनी के गाल की तरह हों या ओम पुरी के गाल की तरह?
    - ताऊ और 'मोदी' जी की विकास पर हुई बात और उसमें गडकरी का ज़िक्र. विकास के बहाने 'विकास' की तलाश.
    - सड़क में गड्ढे क्यों ज़रूरी हैं और ताऊ ने क्यों कहा कि बुरी सड़कों से ज़्यादा लोग क्यों अच्छी सड़कों से मरते हैं?
    - ख़राब सड़कों के अनुभव, रस, अजीबोगरीब रंग, फ़ायदे और उसकी यात्रा का सौंदर्यबोध.
    - बिज़ार ख़बर में मंगलसूत्र खाने वाली गाय के बहाने बचपन में कुछ निगल जाने के फ़ायदे और नुकसान.
    - वॉट्सऐप पर ऑडियो की शक्ल में आई कई चिट्ठियों का ज़िक्र. पटना के एक लिस्नर के बहाने वितंडावाद का मतलब. 9 साल की एक लिस्नर जिसको ताऊ ने कहा कि बड़ी हो कर फिर से इसे सुनना और ताऊ के 'पन' पर एक श्रोता की चिट्ठी.
    - और तीन ताल के अनन्यतम श्रोताओं के लिए तीन ताल का वॉट्सऐप ग्रुप लॉन्च. जुड़ने के लिए महज़ "मैं भी तीन तालिया" लिखकर भेजें.
    प्रोड्यूसर: शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग: अमृत रेगी
    1 hr 51 min
  • गोरखधंधा शब्द का मतलब, फ़्राइड चिड़िया के उपयोग और अफ़ग़ान आइडेंटिटी की ताक़त : तीन ताल, Ep 45
    तीन ताल के 45वें एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए :
    - ताऊ की खरखराती हुई आवाज़ और उनके व्यक्तित्व पर जी डी पांडेय की बारीक़ नज़र और हिन्दी सीखने की उनकी ललक के क़ायल कुलदीप सरदार.
    - हरियाणा में गोरखधंधा शब्द बैन हुआ. इस बहाने इस शब्द के जन्म, अर्थ और इस्तेमाल पर बात.
    - शहरों के नाम बदलने पर क्या लोग नये नाम के आदी हो जाते हैं? काण्ड शब्द से परहेज़ क्यों है? सुंदर काण्ड सही है तो 'काकोरी काण्ड' में क्या दिक़्क़त है
    - बिज़ार ख़बरों में 'ट्विटर बर्ड' को फ़्राई करने वाले कांग्रेसियों को ताऊ की मुफ़्त सलाह. देश-दुनिया के अनूठे प्रदर्शनों पर बात.
    - कई ट्राइब्स में विभक्त होने के बाद क्यों अफ़ग़ान आइडेंटिटी मजबूत है? ताऊ ने क्यों कहा कि फिलहाल तालिबान को डिगा पाना बहुत मुश्किल?
    - बाबा ने क्यों कहा कि तालिबान चीन के लिए बुआ का दामाद है. खजाने पर बैठे अफगानिस्तान के सहारे तालिबान, चीन और पाकिस्तान का भारत के ख़िलाफ़ कॉकटेल.
    - ख़ुफ़िया सूचनाओं के सम्बन्ध में भारत कहाँ चूक गया और क्यों अब बहुत कठिन है डगर पनघट की.
    - बिज़ार ख़बर में साँप ने आदमी को काटा, आदमी ने पलटकर सांप को काटा, सांप की मौत. ताऊ और बाबा के सांप के साथ प्रयोग.
    - और न्योता वाले श्रोता में भारत के 'पश्तून' बुंदेलखंड से आई एक लिसनर की ऑडियो चिट्ठी और उनकी तीन ताल के ठलुओं से शिक़ायत.
    प्रड्यूसर: शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग: कपिल देव सिंह
    1 hr 31 min
  • पाकिस्तान को कब काटेगा तालिबान, आज़ादी क्या होती है और चुटिया कट जाने का ग़ुस्सा : तीन ताल, Ep 44
    तीन ताल के 44वें एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए:
    - आज तक रेडियो के व्हाट्सएप नम्बर की लॉन्चिंग. क्या भेजें और क्या नहीं? किसी ज़माने में बाबा को लोग डायरेक्टरी क्यों कहते थे?
    - व्हाट्सएप जोक्स कितनी तरह के होते हैं? फ़ैमिली जोक्स के एस्थेटिक्स इतने बुरे क्यों? 'जय ब्राह्मण' ग्रुप की कहानी.
    - अफ़ग़ानिस्तान में तालिबान के बढ़ते कब्ज़े के बहाने वहाँ के हालात पर बात. ताऊ ने क्यों कहा कि तालिबान से पहले पाकिस्तान का कुछ करने की ज़रूरत है.
    - धर्म चाहने वालों को भी धार्मिक राज्यों से चिढ़ क्यों है? मज़बूत तालिबान कल को पाकिस्तान के लिए भी मुश्किलें पैदा कर सकता है क्या?
    - भारत अफ़ग़ानिस्तान में कुछ क्यों नहीं कर रहा? ताऊ की भारत सरकार से अपील, इन अफ़ग़ानियों को ज़रूर बचा लाएँ.
    - आज़ादी का मतलब ताऊ, बाबा और सरदार के लिये क्या है? बाबा को किस आज़ादी की तलाश बरसों रही?
    - आज़ादी मिलती है या हासिल करनी पड़ती है? बाबा ने 10वीं क्लास में आज़ाद होने के लिये क्या किया? क्या कोई आज़ाद नहीं? ताऊ और बाबा ने दो कहानियों के माध्यम से आज़ादी का मायने समझाया.
    - 'सादा जीवन उच्च बिज़ार' में चोटी कट जाने पर आहत हुए पण्डित जी की चर्चा. किस बात पर बाबा ने पण्डित जी का साथ दिया.
    - मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर से आई एक लिसनर की चिट्ठी जिसने हमें गुदगुदाया. ताऊ ने क्यों कहा श्रोता बनना है तो नागेन्द्र जी की तरह बनें.
    - और कुछ बातें घेवर के बारे में.
    प्रड्यूसर: शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग: सचिन द्विवेदी
    1 hr 41 min
  • ओलम्पिक के सबसे यादगार दृश्य, ट्रेन यात्राओं की ख़ुराफ़ातें और क़िस्मत खोलने वाला मीम: तीन ताल, Ep 43
    तीन ताल के 43वें एपिसोड में कमलेश 'ताऊ', पाणिनि 'बाबा' और कुलदीप 'सरदार' से सुनिए :
    -बाबा की लखनऊ यात्रा और पंचायत आजतक का सारतत्व. सोशल मीडिया पर डाले गए नीलकमल की तस्वीर में छिपा सन्देश.
    -लोक और शास्त्रीय गायक कैसे बताशे और गट्टे का इस्तेमाल करते थे?
    -ओलम्पिक के टेकअवेज. बाबा ओलम्पिक में किस पदक के जीतने पर प्रेम में विभोर हैं और क्यों सरकारों का पारितोषिक दुखांत लिए हुए है.
    -ओलम्पिक के अच्छी तस्वीरों में नत्थी कुरूपता, भ्रष्टाचार, फर्ज़ीवाड़ा और नौकरशाही का दबाव.
    -क्रिकेट को गरियाये बिना क्या दूसरे खेलों का उत्थान हो सकता है? क्यों क्रिकेट की ही तरह हॉकी और दूसरे खेलों का उभार और बाजार न हो सका?
    -क्या जेनेटिक्स भी प्रदेश और देश का खेलों को प्रभावित करता है? ताऊ ने किस बात पर कहा कि स्वेटर सबको बुनना चाहिये जबकि बाबा ने कहा कि इसने बहुतों को बिगाड़ा है.
    -ओलम्पिक के चुनिन्दा दृश्यों पर बात. खेल में प्रोटेस्ट दर्ज कराना कितना सही. बाबा और ताऊ के अलहदा विचार.
    -बात ट्रेन के रोमांच और मुश्किलात की. ट्रेन के कुरूप और सुन्दर दृश्यों की कहानी. ताऊ और बाबा की शुरुआती ट्रेन यात्राएँ और खुराफ़ात.
    -क्यों ट्रेन की यात्रा को बाबा और ताऊ ने सर्वोत्तम कहा? वे चीज़ें जो सिर्फ रेलवे स्टेशनों पर ही मिलती थीं.
    -ट्रेन के टीटीयों से बाबा की अगाध मित्रता और मजिस्ट्रेट चेकिंग के प्रसंग और ट्रेन यात्राओं में मिलने वाले ज्ञानी, अज्ञानी, औंचक और भौंचक किस्म के लोग.
    -लैपटॉप और मोबाइल ने कैसे ट्रेन की संस्कृति बिगाड़ दी है. कहाँ लुप्त हो गए ट्रेन से पंखा और बल्ब चुराने वाले. और सरदार को अपनी शुरुआती ट्रेन यात्रा से मिला सबक - गाड़ी चलेगी तो हवा लगेगी.
    -बिज़ार ख़बर में एक मीम बनाकर रातों रात लखपति हुए हुए पाकिस्तान के दो दोस्तों की कहानी और रिश्ते में अगर दरार आये तो उसे भी क्यों सबको बताना चाहिये.
    -और आख़िर में तीन ताल के लिए भोपाल से आई पहली हस्तलिखित चिट्ठी जिसे बाबा ने प्रेमपत्र का नाम दिया.
    प्रड्यूसर: शुभम तिवारी
    साउंड मिक्सिंग: सचिन द्विवेदी
    1 hr 45 min

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Teen Taal is a witty, comedy oriented Hindi podcast where three musketeers Kamlesh Kishore Singh, Panini Anand and Kuldeep Mishra talk about various issues with a pinch of humour and fun. The topic of conversation varies from politics, Indian society, jokes, Viral stuff on social media, food, movies and many more. Catch your share of fun every Saturday.