* चार अवस्थाएं मनुष्य की जाग्रत, स्वप्न, सूशूप्ति और तुरीय
* जागृत अवस्था में मां के ऊपर बुद्धि का नियंत्रण रहता है, जो स्वप्न में नहीं रहता
* सूशूप्ति है बिना स्वप्न की नींद
* मौत शरीर इंद्रियां मन बुद्धि की होती है तुम्हारी नहीं होती
* तीन प्रकार के शरीर स्थूल सूक्ष्म और कारण शरीर
* जिन बातों को हम दुर्भाग्य मानते हैं गहराई में जाकर उनमें भगवान हमारा कुछ संकट काटना चाहते हैं