Original Podcast

Original Podcast

By Original PodcastScienceLife Sciences
Download on the App Store

Original Podcast episodes

  • Harsha Bhogle ( Indian commentator ) Motivational Speech
    जीवन में 'रन' बनाते रहें, शोहरत पीछे-पीछे आएगी।
    बॉर्डर ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज क्रिकेटर रहे हैं। उन्होंने मुझे एक बात कही ये बात वो हर ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी को कहते कि 'जीवन में सिर्फ रनों की परवाह करना और डॉलर्स यानी रुपए-पैसे खुद तुम्हारे पीछे आएंगे। हमारे जीवन में एक्सीलेंस का रास्ता अपने कर्मों से होकर जाता है। मैंने कई युवा क्रिकेटर्स को देखा है, जो पैसों के पीछे भागे और अपने मूल काम थानी रन बनाने से भटक गए। रूपक के तौर पर कहें तो न बनाते रहें, अपने काम प्रदर्शन पर ध्यान देते रहें। शोहरत खुद-ब-खुद मिल
    एलन
    हमें नहीं पता होता है कि कौन हमारे काम को देख रहा है, कौन हमें सुन रहा है, क्या पढ़ रहा है। अपना 100 फीसदी देने का यह सच्चा आनंद है। क्या पता अगला बड़ा अवसर आपके दरवाजे पर दस्तक दे रहा हो। एक बार में कमेंट्री में सुनील गावस्कर और सचिन तेंदुलकर की तुलना कर रहा था। मैंने कहा जैसे
    भारत की अर्थव्यवस्था बदल रही है। तेंदलकर नई अर्थव्यवस्था के उत्पाद हैं और गावस्कर लाइसेंस राज के उत्पाद गावस्कर ऐसे बैटिंग करते थे जैसे उनके पास बैंक डिपॉजिट हो और तेंदुलकर शेयर बाजार की तरह बैटिंग करते। मेरी इस टिप्पणी के बाद अचानक लोगों ने कहना शुरू कर दिया कि मुझमें क्रिकेट के अलावा भी बहुत कुछ है। मैं यही कहना चाहता हूं कि जब आप 100% देते हैं, तो लोगों आपको
    नोटिस करते ही हैं। क्या आप एक लीटर की बोतल में दो लीटर कोल्ड ड्रिंक भर सकते हैं? ऐसे ही किसी भी काम में आप अपना 100% से ज्यादा नहीं दे सकते। पर हो आप अपना 100% हर क्षण दे सकते हैं।
    हमेशा ऐसे लोगों की सोहबत में रहे, जो ज्ञान के मामले आपसे बेहतर हो। निर क्षण आप ऐसे लोगों का साथ चुन लेते हैं, जो आपके समकक्ष या ज्ञान में कमतर हों, आपका सीखना रुक जाता है। ये सुनने में स्वार्थ प्रतीत होता है, लेकिन ये करना कमेंट्री की शुरुआत की, तो मेरे पास कोई था जिसे देखकर प्रेरित हो सके। कोई हीरो नहीं समझ आता था। तब मैंने मैदान पर कैमरामैन को देखना शुरू किया। मिडविकेट कैमरामैन ने बताया कि वह अपने जीवन में कभी भी स्टंपिंग को रिकॉर्ड करने से नहीं चूके मेरे लिए यह व्यक्ति हिरो बन गया। अपने नायक जी
    शुरुआती दिनों के दौरान में माथी कमेंटेटर के साथ प्रतिस्पर्धा करता था। वे मुझसे पूछठ कि मैंने कितना क्रिकेट खेला है। तब मैंने अपना अहम् (इंगो) बगल में रखा। मैं सिर्फ साबित करना चाहता था कि खेल को कितने अच्छी तरीके से समझता है। अगर आप आम और गुस्सा भरा होगा, तो विरोधी की जरूरत हो होगी। खुद को ही अपना विरोधी बना लेंगे। अपने इस आम को अपना शत्रु मत बनाइए ।
    4 min
  • Difference
    Hello all of you are welcome once again in the original podcast, today we are once again present with a great Motivational Podcast.
    So let's listen to this great podcast .
    A question that always kept quivering in some corner of my mind that "what is it that we all have the same childhood but youth or life are so different"
    In this youth or life, someone becomes very successful and someone becomes unsuccessful." But from this question it is very clear that there is definitely something that creates a difference between youth and this childhood.
    And the answer to this question is "Education".
    It is not the New Normal Education that all of us normally take to run our lives, by this education it means that "the education of that thing that we have to become" i.e. if you want to become a doctor, then you are the only and only doctor. If you want to become a businessman, then you should read only and only business books,
    If you want to become anything in life, then only and only you should do your education, leave everything else and I promise you "You will be known in the whole world as an influential person in that field".
    And this is the only thing that makes the youth of all of us different, so from today friends choose one area of ​​yours and start reading about it only and only.
    If you like this audio podcast of ours, then please do share & comment on it.
    2 min
  • Gratitude
    अच्छी सेहत के लिए कृतज्ञता को जिंदगी का हिस्सा बनाएं
    2 min
  • YOU MUST READ
    जानिए उन्नति की राह
    दृढ़ निश्चय के समक्ष हर बाधा छोटी होती
    • जीतना है तो ज़िद करो सफलता की पहली शर्तः दृढ़ निश्चय
    अधिकांश लोगों की असफलता का सबसे कारण दृढ निश्चय का अभाव है। दूध निश्चय, सफलता की प्रथम है। साथ में साहस और आत्मविश्वास भी होना चाहिए। सफलता की राह में बाधाएं आती है, लेकिन ये दृढ़ निश्चय के समक्ष बौनी होती हैं।
    • पावर ऑफ पॉजिटिव एटिट्यूड सही सवाल पूछना इसलिए जरूरी है
    अच्छे सवाल की शक्ति इस बात में है कि यह अच्छा जवाब खोजता है। अगर हम सही सवाल पूछें, हमें अच्छे जवाब मिलेंगे। गलत सवाल गलत जवाब लेकर आते हैं। हम अच्छी सूचना चाहते हैं। हमारे निर्णय उतने ही अच्छे होंगे जितनी अच्छी हमारी सूचनाएं है। इसलिए जीवन में सबसे जरूरी सही सवाल पूछना है।
    नॉलेज नंबर्स
    • टाइम मैनेजमेंट
    लक्ष्य प्राप्ति में 'मूड' बाधा ना बने
    कोई काम शुरू करते समय अपने मूड से सलाह न लें। विश्व विख्यात नाटककार जॉर्ज बनाई शों का कई बार लिखने का मूड नहीं होता था, लेकिन ख थे। उन्होंने लक्ष्य को कभी नजरों से ओझल नहीं होने दिया। उन्होंने तय किया कि वे हर दिन लिखेंगे, चाहे मूड कैसा भी हो।
    • पिंक एंड ग्रो रिच अस्थायी हार को विफलता न मान लें
    आपकी कोई योजना असफल होती है तो वह अस्थायी हार है, स्थायी विफलता नहीं है। इसका मतलब है आपकी योजना सही नहीं थी। फिर से आरंभ कीजिए। बिजली का बल्ब बनाने से पहले थॉमस एडिसन दस हजार बार असफल हुए थे। यही वो अस्थायी हार है, जो उन्हें दस हजार बार मिली।
    3 min

About Original Podcast

From the publisher's feed

Hello friends, all of you are welcome. You will get different types of original audio podcast on this channel which will be the most isolated and this channel will not put original audio podcast on…